WHATSAPP Welcome to Edugrown – Your Learning Partner
← Back to Study Content
NCERT Solution

Chapter 10: तीन मछलियाँ Ncert solution Class 5th Hindi (Veena)

Class 5 · Hindi(Veena) · CH-10: तीन मछलियाँ · All Board · All Medium · 3 views

Ye material inke liye bhi hai: All Board BIHAR BOARD CBSE CHHATTISGARH BOARD JHARKHAND BOARD MP BOARD NIOS RAJASTHAN BOARD UP BOARD All Medium ENGLISH HINDI
Advertisement
अध्याय 10 · लोककथा

अध्याय 10: तीन मछलियाँ

✅ पाठ्य-पुस्तक के प्रश्न — हल सहित (NCERT Solutions)
@edugrown
तीन मछलियाँ
💬 बातचीत के लिए
1क्या किसी कार्य को भाग्य के भरोसे छोड़ना चाहिए?
नहीं, कहानी दिखाती है कि केवल भाग्य पर भरोसा करना ख़तरनाक हो सकता है (जैसा यद्भविष्य के साथ हुआ)। हमें सोच-समझकर योजना बनानी चाहिए और सही समय पर सही क़दम उठाना चाहिए।
2यदि आप यद्भविष्य के स्थान पर होते तो मछुआरों से अपने प्राण कैसे बचाते?
उदाहरण: 'मैं भी अनागतविधाता की तरह पहले ही दूसरे तालाब में चली जाती, या प्रत्युत्पन्नमति की तरह मरने का नाटक करने की कोशिश करती।'
3आपको कौन-सी मछली सबसे अच्छी लगी और क्यों?
उदाहरण: 'मुझे अनागतविधाता सबसे अच्छी लगी, क्योंकि वह पहले से सावधान रहकर बिना किसी जोखिम के सुरक्षित निकल गई।'
📘 पाठ से
4अनागतविधाता को बहुत बुद्धिमती किस कारण से बताया गया है?
(i) नाम के अनुरूप स्वभाव होने के कारण, और (iii) भविष्य की संभावित समस्याओं का हल पहले से ही निकाल लेने के कारण।
5मछुआरों की बातें सुनकर सभी मछलियों ने सभा क्यों की?
(ii) अपने प्राण बचाने हेतु कोई उपाय ढूँढ़ने के लिए।
6मछुआरों ने प्रत्युत्पन्नमति को जाल में से बाहर क्यों फेंक दिया?
(i) उन्हें जीवित मछलियाँ चाहिए थीं (वे उसे मरी हुई समझ बैठे)।
7मछुआरों के जाल में कौन-कौन सी मछलियाँ फँस गईं?
(ii) प्रत्युत्पन्नमति, यद्भविष्य और अन्य सभी बड़ी-बड़ी मछलियाँ।
✍️ सोचिए और लिखिए
8प्रत्युत्पन्नमति पहले से ही समस्या का समाधान करने की आवश्यकता क्यों नहीं समझती थी?
क्योंकि उसकी सूझ-बूझ इतनी पैनी थी कि वह समय आने पर किसी भी उलझन का हल तुरंत निकाल सकती थी — इसलिए उसे पहले से चिंता करने की ज़रूरत महसूस नहीं होती थी।
9सभी मछलियों के भयभीत होने का क्या कारण था?
उन्होंने सुना था कि दो मछुआरे अगली सुबह बड़ा जाल लेकर आने और सभी मछलियों को पकड़ने की योजना बना रहे थे — इसी ख़बर से वे भयभीत हो गईं।
10'जो होना होगा सो तो होगा ही' — यह किस मछली का मानना था और क्यों?
यह यद्भविष्य का मानना था, क्योंकि वह स्वभाव से आलसी थी और मानती थी कि प्रयास करने और सोचने-विचारने से कोई लाभ नहीं, इसलिए सब कुछ भाग्य पर छोड़ देना चाहिए।
11अनागतविधाता ने मछुआरों की योजना से बचने के लिए क्या उपाय सुझाया?
उसने सुझाव दिया कि सवेरा होने से पहले ही सभी मछलियाँ यह सरोवर छोड़कर पास के दूसरे सरोवर में चली जाएँ।
12प्रत्युत्पन्नमति ने मछुआरों से बचने के लिए क्या उपाय किया?
जब वह जाल में फँस गई, तो उसने तुरंत अपना शरीर सिकोड़ लिया और आँखें बंद करके मरी हुई जैसी बन गई, जिससे मछुआरों ने उसे वापस पानी में फेंक दिया।
🔤 भाषा की बात
13उचित शब्दों से रिक्त स्थानों की पूर्ति कीजिए (ने, में, को, के, का, की, पर)।
(क) मछुआरों का ध्यान पानी में सैर करती हुई मछलियों पर गया। (ख) मछुआरों की बातें तीनों मछलियों ने सुन लीं। (ग) वह कहने लगी कि मैं अपने इस पुराने निवास स्थान को छोड़कर कहीं नहीं जाऊँगी। (घ) उत्तर भारत के एक सुंदर सरोवर में तीन मछलियाँ रहती थीं।
14एकवचन-बहुवचन शब्दों की तालिका पूर्ण कीजिए।
मछली → मछलियाँ; ध्वनि → ध्वनियाँ; मैं → हम; सरोवर → सरोवर (अपरिवर्तित); बात → बातें।
Advertisement

💬 Comments & Doubts

💭

Abhi tak koi comment nahi

Sabse pehle comment karne wale bano!

Apna comment likhein

Doubt ho ya suggestion — kuch bhi poochh sakte hain. Login zaroori nahi hai.

24 + 11 =

Ye sirf ye confirm karne ke liye hai ki aap robot nahi hain.

Comment publish hone se pehle admin check karta hai.

🔔 Email Updates Lein

Naya content aate hi email par pata chal jayega. Sirf wahi sections chunein jo chahiye.

🔒 Content copy nahi kar sakte